हिंदी [वर्ण रचना ] HINDI स्वर VOVEL

हिंदी [वर्ण रचना ] HINDI स्वर VOVEL

वर्ण रचना -

वर्ण -

  • मुंह से निकलने वाले प्रत्येक सार्थक ध्वनि को वर्ण कहते है .इसलिए ध्वनि की अभिव्यक्ति की न्यूनतम इकाई माना जाता है या ध्वनी की सबसे छोटी इकाई को वर्ण कहते है .
  • हिंदी में वर्णों की मूल संख्या 44 व कुल संख्या 52 है .
इसे भी पढ़ें CG PSC CMO The Water (Prevention and Control of Pollution) Act, 1974 जल (प्रदुषण निवारण एवं नियंत्रण) अधिनियम ,1974

हिंदी के वर्णों का वर्गीकरण -

  • इसका वर्गीकरण तीन रुपों में हुआ है -
  1. उच्चारण स्थान के आधार पर .
  2. वायु संवेग के आधार पर
  3. तारत्व के आधार पर
  • उच्चारण स्थान के आधार पर - वर्ण को दो रूपों में बाटा गया है -
  1. स्वर वर्ण
  2. व्यंजन वर्ण

स्वर वर्ण  - 

  • जिन वर्णों का स्वतंत्र रूप से उच्चारण होता है ,उच्चारण में कम समय लगता है स्वर कहते है ,मूल स्वरों की संख्या 11 है .कुल स्वर 13 ( अं,अ:) को मिलाकर .
  • {अ ,आ इ .ई . उ ,ऊ ,ऋ ,ए ,ऐ , ओ ,औ }
  • स्वर वर्ण के मुख्य 2 और कुल चार भेद है -
  • 1.ह्रस्व स्वर 2. दीर्घ स्वर 3. संयुक्त स्वर 4. प्लुत स्वर .

ह्रस्व स्वर -

  • जिन स्वर वर्णों के उच्चारण में अत्यंत कम समय लगे ,उन्हें ह्रस्व स्वर कहते है ,इनकी संख्या 4 है .
  • [अ,इ,उ,ऋ ]
  • नोट - इन्हें मूल स्वर भी कहते है .
इसे जरुर पढ़ें CG GK छत्तीसगढ़ के जनजातियों का कार्य ,पेय पदार्थ ,मृतक संस्कार

दीर्घ स्वर -

  • जिस स्वर वर्णों के उच्चारण में अधिक समय लगे ,उसे दीर्घ स्वर कहते है .
  • [आ,ई,ऊ]

    HINDI स्वर VOVEL
    हिंदी [वर्ण रचना ] HINDI स्वर VOVEL

संयुक्त स्वर -

  • जो स्वर वर्ण दो स्वर वर्णों से मिलकर बनते है -
  • ए =    अ/आ + इ/ई
  • ऐ  =    अ /आ + ए /ऐ
  • ओ  =  अ/आ + उ/ऊ
  • औ =  अ/आ + ओ/औ
  • नोट - कुछ विद्वान संयुक्त स्वर को दीर्घ स्वर वर्ण के साथ जोड़कर दीर्घ स्वर वर्णों की संख्या 7 बताते है.

प्लुत स्वर - 

  • जिस स्वर वर्ण की उच्चारण में ह्रस्व स्वर की तुलना में तीन गुना समय लगता है उसे प्लुत स्वर कहते है .[ओऽऽम्]
  • नोट - अं और अ:.
  • अं = अनुस्वार , अ: =विसर्ग.
  • हिंदी में मूल स्वर वर्णों की संख्या 4 है .[अ ,इ ,उ,ऋ.]
  • अ को शहीद वर्ण भी कहा जाता है.
CG PSC CMO हेतु महत्वपूर्ण संग्रह The Water (Prevention and Control of Pollution) Act, 1974

अयोगवाह-

  • ये तो न ही स्वर होते है और न ही व्यंजन.
  1. अनुस्वार - अं.
  2. विसर्ग - अ:.

Comments

Popular Posts

छत्तीसगढ़ राज्य में प्रथम । first in chhattisgarh state.

जनजाति विवाह

छत्तीसगढ़ की भौगोलिक सीमा

छत्तीसगढ में विविध (सामान्यज्ञान )

छत्तीसगढ़ की जनजातियाँ 1 |CHHATTISGARH TRIBES

छत्तीसगढ़ के राजकीय प्रतीक चिन्ह | STATE SYMBOL OF CHHATTISGARH

छत्तीसगढ का भौगोलिक विवरण |GEOGRAPHICAL STUDY OF CHHATTISGARH 1

छत्तीसगढ़ के धार्मिक पर्यटन स्थल

छतीसगढ़ के जनजाति नृत्य

लोकगीत 1

loading...